तुम्हारी फिक्र है मुझे शक नहीं, तुम्हें कोई और देखे, ये किसी को हक नहीं।
 - Pyar Bhari Shayari

तुम्हारी फिक्र है मुझे शक नहीं, तुम्हें कोई और देखे, ये किसी को हक नहीं।

Pyar Bhari Shayari