चलो आज अपना हुनर आज़माते हैं तुम तीर आजमाओ हम अपना जिगर आज़माते हैं। - Poetry Shayari

चलो आज अपना हुनर आज़माते हैं तुम तीर आजमाओ हम अपना जिगर आज़माते हैं।

Poetry Shayari