मोहब्बत पाकीजा इबादत होती है तभी तो कृष्ण के संग मंदिरों में रुकमणी नहीं राधा होती है।

दिल से साथ देने वाले हमेशा एक दूसरे के दिल में रहते हैं।

जिंदगी के हर मोड़ पर तुम साथ रहना चाहे दूर रहो पर हमेशा दिल के पास रहना।

कौन कहता है हमने तुम्हें दिल से निकाला है यही तो एक रोग है हमने जिसे बड़े शौक से पाला है।

एक अजीब सी बेताबी है तेरे बिन रह भी लेते हैं और रहा भी नहीं जाता है तेरे बिन।

तुमसे कितनी मोहब्बत है मालूम नहीं पर मुझे लोग आज भी तेरी कसम देकर मना लेते हैं।

कमी तो आज फिर मुझको खटक गयी जिंदगी आज फिर से काश पे अटक गयी।

इश्क वो नहीं जो तुझे मेरा कर दे इश्क वो है जो मुझे तुझे किसी और का ना होने दें।

तुम्हें क्या मालूम किस दर्द में हूं मैं जो कभी लिया ही नहीं उस कर्जे में हूं मैं।

मोहब्बत लिबाज नहीं जो हर रोज बदला जाए मोहब्बत एक कफ़न है जो पहन कर उतारा नहीं जाए।

हमेशा के लिए रख लो ना मुझे अपने पास कोई पूछे तो बता देना कि किरायेदार है दिल का।

बिन तेरे मेरी हर खुशियां अधूरी फिर सोच मेरे लिए तू कितना जरूरी।

इनका जिक्र हाथों की लकीरों में भी नहीं था उनसे हम टकरा गए और मोहब्बत कर दिल हार गए।

किसी न किसी को किसी पर एतवार हो जाता है, एक अजनबी सा चेहरा ही यार हो जाता है, खूबियों से ही नही होती मोहब्बत सदा, किसी की कमियों से भी कभी प्यार हो जाता है।

एक बार आपसे नजरे क्या मिलेगी आप तो ख्यालों में भी आने लगे।

तेरी याद से शुरू होती है मेरी हर सुबह फिर ये कैसे कह दूं कि मेरा दिन खराब रहा।

रिश्ता होने से रिश्ता नहीं बनता रिश्ता निभाने से रिश्ता बनता है।

प्रेम वो नहीं जो जिंदगी भर साथ रहे प्रेम वो है जो दो पल में जिंदगी भर की यादें देजाये।

दिल का हाल बताना नही आता, हमे ऐसे किसी को तड़पाना नही आता, सुनना तो चाहतें हैं हम उनकी आवाज़ को, पर हमे कोई बात करने का बहाना नही आता।

रूठी जो जिंदगी तो मना लेना हमें मिले जो गम तो निभा लेंगे हम बस तुम साथ रहना रोती आंखों से भी मुस्कुरा लेंगे हम।